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सरकारें को अपनी जिम्मेदारी समझनी होगी

कोरोना के दौरान मुझे पहली बार पता चला, अमेरिकी राष्ट्रपति हर दिन मीडिया को एड्रेस करते है उनके सवालों के जवाब देते है और मीडिया भी उनके गलतियों को बताती है। हालांकि इंडिया में तो ऐसा कोई रिवाज वर्तमान में है नहीं। ये केवल यूपीए सरकार में वार्षिक रूप से हुआ करता था ,जो कुछ वर्ष ही केवल कुछ समय के लिए हुआ था। जब मनमोहन सिंह मीडिया को ब्रीफ करते थे। इसका जिक्र क्यों कर रहा हूं क्यूंकि कॉरोना काल में दिल्ली सरकार अमूमन हर दिन प्रेस कॉन्फ्रेंस करती रही और कितने ऑक्सीजन की  कमी है और कितने बेड की कमी है और उनके पास क्या व्यवस्था है क्या नहीं है। ये किसी भी अन्य राज्य ने नहीं किया। वास्तविकता में तो पारदर्शिता यहां देखने को मिला। भले ही वो राजनीतिक हो या जो भी हो , लेकिन सूचना का प्रवाह तो बना रहा , लोगों तक जानकारियां जाती रही वो भी अवेयर होते रहे । ये सब चीजें भी गुड गवर्नेंस के लिए मायने रखते है, केवल आरटीआई और फलना ढिकाना से कुछ नहीं होगा जब तक सरकारें ही जिम्मेदार नहीं होगी। 🤔🤔🤔🤔 ~AB.soni

दक्षिण भारत की फिल्म ने 2011 में ही दिखाया गया था कोरोना

  आज मैंने इस फिल्म को देखा । 2011 में आई दक्षिण भारत की इस फिल्म में उसी प्रकार के वायरस की कल्पना की गई है जिससे आज पूरी दुनिया परेशान है। इस फिल्म में जिस वायरस की चर्चा की गई है उससे बचाव भी सोशल डिस्टेंसिंग को ही माना गया है, जैसा कि आज कोरोना से बचाव के लिए सोशल डिस्तांसिंग ही सबसे बेहतर इलाज है। साथ ही इस फिल्म में जिस वायरस का जिक्र किया गया है उसका उत्पति चीन द्वारा जानबूझ कर किया गया होता है। साथ ही इसमें जीन ट्रिगर , जीन सीक्वेंसिंग आदि को भी दिखाया गया है। यह साउथ इंडियन फिल्म की दूरदर्शिता को दिखाती है जो बॉलीवुड ने अभी तक हासिल नहीं किया है । * 😊

' भाई तोरा कें देखैत रहल थीकिह😄

' भाई तोरा कें देखैत रहल थीकिह कहबा वाला  दोस्तसभ आजु नीक सं कूटैयहे" जखन भ्रम टूटि,  जखन हमर सेहो टूटलक 😊

सिंगल छवड़ा सभ ओना रोज डे पर

 #Happy_Rose_Day सिंगल छवड़ा सभ कपल द्वारा एक दोसर के गुलाब दैत देखि क' ~AB.Soni

Rose_Day_for_Teachers 😄

  #Rose_Day "मेरे कमरे के बाहर कुछ कोचिंग संस्थान है, जिसके माननीय शिक्षक हर दिन लड़को को सड़क पे घंटो ज्ञान पेलते मिलते थे, मगर आज सड़क खाली है, मै इसी उलझन में हूं सब कहा गए ? " "मै जो सोच रहा हूं, क्या आप भी वही सोच रहे .... 😊🤣😊 Happy Rose Day to those teachers ~AB.Soni

Flood India: Not मुंबई मेरी जान, it's मुंबई मेरी जाम

ANI ने 3 लाख को 30 लाख बताया, गलत रिपोर्ट की वजह से जान जा सकती थी

आगरा की रहने वाली 17 साल की ललिता कुमारी पिछले 19 महीनों से अप्लास्टिक एनीमिया से पीड़ित हैं।  परिवार को उसके इलाज के लिए 10 लाख रुपये की आवश्यकता थी, जिसके लिए पिछले साल जुलाई में पीएमओ को अपील की गई थी।  दो महीने बाद, सितंबर 2018 में, ललिता को 3 लाख रुपये की आंशिक वित्तीय सहायता प्रदान की गई।  तब से, परिवार शेष 7 लाख रुपये इकट्ठा करने के लिए संघर्ष कर रहा है।  टाइम्स ऑफ इंडिया ने 22 जून 2019 को बताया कि धन की व्यवस्था करने में असमर्थ परिवार ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से एक लिखित अनुरोध में अपनी बेटी के लिए इच्छामृत्यु की मांग की।  इसके तुरंत बाद, मीडिया रिपोर्टों ने यह दावा करना शुरू कर दिया कि प्रधानमंत्री ने बीमार बच्चे के लिए 30 लाख रुपये की सहायता राशि बढ़ाई है। ललिता के परिवार का कहना है-  "फेक न्यूज", है  22 जून को, ANI ने एक रिपोर्ट पेश की जिसमें दावा किया गया कि परिवार को PMO द्वारा 30 लाख रुपये की वित्तीय सहायता दी गई।  कई मीडिया आउटलेट ने बाद में एएनआई की कहानी - टाइम्स नाउ, द क्विंट, एशियन एज, इंडिया टुडे, रिपब्लिक, फाइनेंशि...

जल के समुचित उपयोग से भारत प्राकृतिक आपदाओं से सुरक्षित रह सकता है- श्री शेखावत

 पहले देश में खाद्यान्न की कमी से और                                                         अब पानी की कमी से  स्थिति खराब हो सकती है- शेखावत New Delhi: केन्द्रीय जल शक्ति मंत्री श्री गजेन्द्र सिंह शेखावत ने कहा कि जल उपलब्धता के मामले में भारत दुनिया के सबसे संवेदनशील देशों में एक है और बढ़ती जनसंख्या ने समस्या को और भी गंभीर बना दिया है।  नई दिल्ली में आईटीओ के निकट स्थित छठ घाट पर आयोजित स्वर्ण जयंती समारोह के तहत कार्यक्रम को संबोधित करते हुए श्री शेखावत ने कहा कि पानी की प्रत्येक बूंद को बचाना व संरक्षित करना चाहिए तथा हम सभी को पानी के उचित उपयोग के लिए सम्मिलित प्रयास करना चाहिए। श्री शेखावत ने कहा कि भारत ने खाद्यान्न निर्यात करने वाले देश की उपलब्धि हासिल की है। पहले देश में खाद्यान्न की कमी थी। निकट भविष्य में पानी की कमी से स्थिति खराब हो सकती है। आवश्यकता इस बात की है कि पानी के पारम्परिक स्रोतों का पुनरुद्ध...

महिला पत्रकार पर नकाबपोश लोगों ने गोलियां चलाईं

NEW DELHI: एक महिला पत्रकार पर पूर्वी दिल्ली के वसुंधरा एन्क्लेव में नकाबपोश लोगों के एक समूह ने गोली चलाईं।  पुलिस ने कहा कि नोएडा में रहने वाली मिताली चंदोला रविवार सुबह 12:30 बजे अपनी ह्युंडई आई 20 कार चला रही थी, तभी एक मारुति स्विफ्ट ने उसे ओवरटेक किया। कार के भीतर कुछ नकाबपोश लोगों ने उस पर दो गोलियां चलाईं, पुलिस ने कहा नकाबपोशों ने सामने की विंडशील्ड पर गोलियां चलाई जिसमें से एक गोली महिला के  हाथ पर लागी।  सुश्री चंदोला ने पुलिस को बताया कि हमलावरों ने तेज गति से भागने से पहले उसकी कार की विंडशील्ड पर अंडे भी फेंके।  उसे पूर्वी दिल्ली के धर्मशीला अस्पताल में भर्ती कराया गया है और अब वह खतरे से बाहर है।  पुलिस ने कहा कि वे इस बात की जांच कर रहे हैं कि क्या कोई ऐसा गिरोह है जो रात में मोटर चालकों को अंडे से निशाना बनाकर विचलित करने और लूटने के लिए हमला करता है।  मिताली चंदोला की हुंडई i20 की विंडशील्ड के माध्यम से दो गोलियां लगीं।  पुलिस ने व्यक्तिगत दुश्मनी से भी इंकार नहीं किया है।  पुलिस के अनुसार, सुश्री चंदोला ने कह...

YOGA DAY: संयुक्त राष्ट्र से लेकर संसद तक और बीजिंग से लेकर रांची तक दुनिया ने किया योग

धर्म, जाति,और  क्षेत्र  से ऊपर है  योग    -  प्रधानमंत्री  मोदी   रांची, 21 जून (भाषा) पांचवें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के मौके पर शुक्रवार को भारत के साथ ही दुनिया के कई देशों ने योग किया। संयुक्त राष्ट्र की महासभा से लेकर भारतीय संसद के परिसर और बीजिंग से लेकर रांची तक प्राचीन स्वास्थ्य पद्धति को पसंद करने वाले हजारों लोगों ने “ओम” एवं “शांति” का जाप करते हुए सरल एवं कठिन हर तरह के ‘आसन’ किए। प्रधानमंत्री मोदी ने आज के समारोहों की अगुवाई की। आज कई वैश्विक राजधानियों और भारत के नगरों एवं गांवों में योग के कार्यक्रम आयोजित किए गए।  भारत में मुख्य कार्यक्रम झारखंड की राजधानी रांची में हुआ जहां प्रधानमंत्री ( प्र . ) ने प्रभात तारा मैदान में 40,000 लोगों के साथ कई ‘योगासन’ किया।   प्र . मोदी ने लोगों से योग को अपने जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाने की अपील करते हुए कहा, “हमें योग को शहरों, गांवों एवं आदिवासी इलाकों तक ले जाने के प्रयास करने चाहिए। योग धर्म, जाति, रंग, लिंग एवं क्षेत्र से ऊपर है, यह सबके ऊपर है।”  उन्होंने लोगों से क...

बीमारी पता हैं,समय भी fix हैं ,प्रभावित समूह और किन क्षेत्रों में प्रभाव इसकी भी जानकरी फिर गई 133 बच्चों की जान

PATNA: हर वर्ष देश में   JE के   लगभग 1,500 से 4,000  मामले रिपोर्ट कि ए जाते हैं। dainik bhaskar cutting बिहार में चमकी बुखार (एईएस) बीमारी बच्‍चों पर काल बनकर टूट रही है। इस बीमारी से सोमवार दोपहर तक राज्य में 133 बच्चों की मौत हो चुकी है। नया मामला बिहार के मोतिहारी का हैं । जिले में चमकी बीमारी से 12 बच्चों के प्रभावित होने की रिपोर्ट की गई हैं । BHASKAR CUTTINGS केंद्रीय स्वास्थय मंत्री डॉ हर्षवर्धन की चुप्पी पर सवाल  22 जून 2014: डॉ हर्षवर्धन 2014 में इसी तरह की घटना के बाद बिहार दौरे पर आए थे | यहा उन्होंने 100 बेड का अस्पताल बनवाने का वादा किया था |  16 जून 2019: डॉ हर्षवर्धन रविवार को मुजफ्फरपुर दौरे पर आए थे । यहां उन्होंने 100 बेड बनाने का पुराना वादा दोहराया | इस पर शोध करने की बात भी दोहराई । Union Health Minister @drharshvardhan breaks silence over #Encephalitis horror in Bihar. #NewsToday with @sardesairajdeep LIVE at https://t.co/4fqxBVUizL pic.twitter.com/AZ27x2jIvL — India Today (@IndiaToday) June 19, 2019...

Photofan: photography @ Janpath

रात में गुलाबी रौशनी में राष्ट्रपति भवन की लालिमा

TET और STET पास अभ्यर्थी आगामी 32 हजार रिक्त पदों के लिए होंगे योग्य

PATNA : बिहार सरकार ने हाल ही में घोषणा किया है कि TET और STET पास हुए अभ्यर्थियों की वैधता अब ख़त्म नहीं होगी।  बता दें वर्ष 2011-2012 में आयोजित TET परीक्षा में उत्तीर्ण हुए अभ्यर्थियों की पात्रता सात सालों तक ही वैध थी। मतलब वे TET के प्रमाणपत्र पर सात सालों तक होने वाली शिक्षक नियुक्ति में भाग ले सकते थे।लेकिन यह वैधता 31 मई को खत्म हो रही थी। सरकार के इस फैसले से लाखों अभ्यर्थी आगामी शिक्षक बहाली में शामिल हो सकते हैं | बता दे सुप्रीम कोर्ट ( SC ) में 3.5 लाख शिक्षकों को समान काम के लिए समान वेतन के मामले में केस लंबित होने के कारण ,नियुक्ति प्रक्रिया पर भी रोक लगी थी| पिछले हफ्तों में सुप्रीम कोर्ट ने शिक्षकों की इस अर्जी को रद्द कर दिया हैं | सुप्रीम कोर्ट ( SC)का फैसला आते ही शिक्षको की नियुक्ति प्रक्रिया शुरू करने की आशा थी| Tejashwi Yadav ✔ @yadavtejashwi नीतीश कुमार ने बिहार के नियोजित शिक्षकों का सर्वोच्च न्यायालय में केस जान बूझकर ठीक से नहीं लड़ा। नीतीश-मोदी की निरंकुशता और मिलीभगत से आज बिहार के 3.5 लाख शिक्षकों के बीच समान काम के लिए...

PulwamaAttack: युद्ध के खिलाफ एकजुट हम- सेय नो टू वार

अमित  कुमार नई दिल्ली ,  4 मार्च देश  के कुछ गैर सरकारी संगठनों और  सिविल सोसायटी समूहों ने भारत  में नई दिल्ली में जंतर मंतर पर  वर्तमान  में देश में बन रही युद्ध के माहौल के खिलाफ  मानव श्रृंखला बनाया  । 64  साल के डॉ रम्मनिज ने बताया इस तरह  की  मुहिम आज  पाकिस्तान में भी निकाली गई है । इन्होंने सेय नो टू वार का नारा दिया। इन  लोगों के अनुसार 14 फरवरी को पुलवामा में सीआरपीएफ के काफिले पर जो हमला हुआ जिसमें अर्धसैनिक  बलो के  40 सैनिक मारे गए इसके या किसी भी आतंकी हमले की निंदा के लिए कोई भी शब्द पर्याप्त नहीं है ।  हालंकि  एक  आतंकी हमला किसी भी हालत में भारत द्वारा अंतरराष्ट्रीय कानून के सिद्धांतों का उल्लंघन करने वाली  कार्रवा ईयो को उचित नहीं ठहरा सकता है या नहीं इसका अधिकार  देता  है । यहां उपस्थित लोगों ने आतंक को बढ़ावा देने वाले या उस में संलिप्त लोगों को पनाह देने के लिए पाकिस्तान की सेना और सरकार की निंदा की। इनका मानना  हैं  जब सरकारो...

PulwamaAttack: जब सैनिक बलों को पेंशन ही नहीं और शहीद का दर्जा ही नहीं तो कैसी शहादत

अमित  कुमार नई  दिल्ली, 3 मार्च अर्ध सैनिक बलों के सेवानिवृत्त सिपाहियों ने पार्लियामेंट स्ट्रीट  से  जंतर मंतर तक  हाथो में कैंडल  और  तिरंगा लिए  मार्च निकाला । उत्तराखंड के अल्मोड़ा से आए सेवानिवृत त्रिलोक सिंह बताते है।  इनकी चार प्रमुख मांगे हैं , पहला वन रैंक वन  पेंशन  लागू किया जाए  , दूसरा  2000  के पहले के पेंशन को लागू किया जाए ताकि  2004 के बाद  कें सभी लोगो  को पेंशन  मिल सके , तीसरा सिविल रूल से बाहर किया जाए  और  अंत में शहीद का दर्जा दिया जाए। त्रिलोक  बताते  हैं  कि यह  कोई पहला  आंदोलन  नहीं था।  पिछले 5 सालों से लगातार यह आंदोलन कर रहे हैं लेकिन सरकार इनकी नहीं सुन रही है । यह प्रधानमंत्री को बताना चाहते हैं अभी पुलवामा हमले में  इतने लोगों की मृत्यु हुई है (PulwamaAttack) इन लोगों को शहीद का दर्जा नहीं मिला ।हर  मीडिया  चैनल बोल  रहा है यह शहीद हुए लेकिन  आपको बता दु उन्हे  शहीद का दर्जा नहीं मिल...